38वें राष्ट्रीय खेलों की मशाल ‘तेजस्विनी’: खिलाड़ियों की खेल भावना और जोश का प्रतीक

देहरादून: 15 दिसम्बर को देहरादून में 38वें राष्ट्रीय खेल, उत्तराखंड की आधिकारिक मशाल ‘तेजस्विनी’ का अनावरण किया गया। यह मशाल खिलाड़ियों की खेल भावना और उनके जोश का प्रतीक है। मशाल का डिज़ाइन उत्तराखंड के देवदार के वृक्षों से प्रेरित है, जो प्रत्येक खिलाड़ी को ऊंचाई पर पहुंचने की प्रेरणा देता है।

इसके शीश पर विराजमान है उत्तराखंड का पवित्र पुष्प ब्रह्मकमल, जो खिलाड़ियों के प्रबल उत्साह का प्रतीक है। इसे और भी विशेष बनाता है मशाल के भीतर बहता पवित्र गंगा जल, जो पर्वतों के बीच प्रवाहित होती हुई उत्तराखंड की प्राकृतिक सुंदरता और आध्यात्मिकता को दर्शाता है।

ये भी पढ़ें:  पहाड़ की बेटियों के हुनर को मिला बाजार, श्री तिमली हैंडलूम्स बन रहा महिला सशक्तिकरण की मिसाल

तेजस्विनी अपने आप में एक मिसाल है, जो न केवल खिलाड़ियों के समर्पण और कड़ी मेहनत की गाथा गाती है, बल्कि उत्तराखंड की समृद्ध सांस्कृतिक और प्राकृतिक धरोहर को भी उजागर करती है। यह मशाल खेलों की भावना, एकता और पर्यावरण के प्रति जागरूकता का संदेश देती है।

हम आशा करते हैं कि तेजस्विनी अपना तेज पूरे विश्व में फैलाए और खिलाड़ियों को निरंतर नए शिखरों पर पहुँचने के लिए प्रेरित करे।

ये भी पढ़ें:  शांति व्यवस्था भंग करने का प्रयास कर रहे में 08 व्यक्तियों/महिलाओ को पुलिस ने किया गिरफ्तार

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *