एमडीडीए की बड़ी कार्रवाई: सुभाष नगर में अवैध निर्माण सील, नियम तोड़ने वालों पर कसा शिकंजा; “नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ लगातार जारी रहेगी सख्त कार्रवाई”- बंशीधर तिवारी

देहरादून। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने अवैध निर्माण और नियमों के विपरीत किए जा रहे विकास कार्यों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए सुभाष नगर क्षेत्र में एक निर्माण कार्य को सील कर दिया। प्राधिकरण की यह कार्रवाई अवैध निर्माण, अनधिकृत कॉलोनियों और बिना स्वीकृति किए जा रहे निर्माण कार्यों पर चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत की गई।

प्राधिकरण के अनुसार सविता गहलोत, पंत मार्ग, सुभाष नगर, देहरादून द्वारा स्वीकृत मानचित्र संख्या आर-3735/24-25 से भिन्न तरीके से निर्माण कार्य किया जा रहा था। जांच में पाया गया कि दो अलग-अलग नक्शों को जोड़कर नियमों के विरुद्ध निर्माण कराया जा रहा है, जो प्राधिकरण के मानकों और भवन उपविधियों का स्पष्ट उल्लंघन है। मामले को गंभीरता से लेते हुए एमडीडीए ने तत्काल प्रभाव से उक्त निर्माण को सील करने की कार्रवाई की। यह कार्रवाई संयुक्त सचिव प्रत्यूष सिंह के आदेश पर सहायक अभियंता निशांत कुकरेती, अवर अभियंता नेहा तथा सुपरवाइजर की मौजूदगी में संपन्न कराई गई। कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने निर्माण स्थल का निरीक्षण कर आवश्यक दस्तावेजों की जांच भी की। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया कि बिना अनुमति या स्वीकृत मानचित्र से अलग निर्माण कार्य किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किए जाएंगे।

ये भी पढ़ें:  ग्लेशियर झीलों की सुरक्षा को लेकर मुख्यमंत्री के निर्देश, ग्लेशियर झीलों की निगरानी के लिए अत्याधुनिक सिस्टम होंगे स्थापित, अत्याधुनिक अर्ली वार्निंग सिस्टम के साथ मजबूत होगी सुरक्षा व्यवस्था

एमडीडीए ने आमजन को आगाह करते हुए कहा कि बिना ले-आउट स्वीकृति और आवश्यक अनुमतियों के विकसित की जा रही कॉलोनियों अथवा संपत्तियों में निवेश करना भविष्य में कानूनी और आर्थिक समस्याओं का कारण बन सकता है। ऐसे मामलों में लोगों की जीवनभर की जमा पूंजी जोखिम में पड़ जाती है। इसी को ध्यान में रखते हुए प्राधिकरण लगातार अवैध गतिविधियों के खिलाफ अभियान चला रहा है और लोगों को जागरूक भी कर रहा है।

ये भी पढ़ें:  मंत्री सुबोध उनियाल की पहल से दून मेडिकल कॉलेज में स्वास्थ्य सेवाओं को मिली बड़ी मजबूती

प्राधिकरण ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी भूखंड, मकान अथवा संपत्ति की खरीद-फरोख्त से पहले संबंधित विकास प्राधिकरण या सक्षम प्राधिकारी से उसकी वैधानिक स्थिति की जानकारी अवश्य प्राप्त करें। बिना अनुमोदन वाली योजनाओं या अवैध कॉलोनियों में निवेश करने से आर्थिक नुकसान और कानूनी विवाद की संभावना बनी रहती है।

एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध प्लॉटिंग, अनधिकृत कॉलोनियों और नियम विरुद्ध निर्माण कार्यों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि नियोजित और सुव्यवस्थित शहरी विकास सुनिश्चित करना प्राधिकरण की प्राथमिकता है। आमजन को किसी भी प्रकार की संपत्ति खरीदने से पहले उसकी वैधानिक स्थिति की जांच अवश्य करनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

ये भी पढ़ें:  मुख्यमंत्री धामी की उद्योग हितैषी पहल, निवेशकों और व्यापारियों के सुझावों पर राज्य सरकार ने तैयार कीं 30 से अधिक नीतियां

वहीं एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध प्लॉटिंग और अनधिकृत निर्माण किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी भी भूमि या भूखंड में निवेश करने से पहले एमडीडीए से उसकी वैधता की जानकारी अवश्य प्राप्त करें। उन्होंने कहा कि अवैध गतिविधियों में संलिप्त लोगों के खिलाफ भविष्य में भी नियमानुसार कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *